बिहार जमीन नापी कैलकुलेटर: धुर, कट्ठा, बीघा, डिसमिल और एकड़ को बदलें
अपने इलाके की लग्गी (Laggi) साइज़ चुनें और धुर, कट्ठा, बीघा को तुरंत एकड़, हेक्टेयर, डिसमिल और वर्ग फुट में बदलें — बिल्कुल सटीक, बिना कैलकुलेशन की झंझट के।
जमीन नापें (Calculate Land Area)
पहले अपनी लग्गी चुनें, फिर मान और इकाई भरकर “कैलकुलेट करें” दबाएँ।
परिणाम (Result)
मान भरकर कैलकुलेट करेंबिहार में जमीन नापने का तरीका अलग-अलग क्यों है?
बिहार में जमीन की खरीद-बिक्री आज भी ज़्यादातर धुर, कट्ठा और बीघा जैसी पारंपरिक इकाइयों में होती है, जबकि सरकारी रजिस्ट्री (रजिस्ट्रेशन ऑफिस) और भूमि रिकॉर्ड में जमीन का रकबा एकड़, डिसमिल और हेक्टेयर जैसी मानक (standard) इकाइयों में दर्ज किया जाता है। समस्या यह है कि धुर, कट्ठा और बीघा का वर्ग फुट में आकार पूरे बिहार में एक जैसा नहीं है — यह ज़िले-दर-ज़िले और कभी-कभी परगना-दर-परगना बदल जाता है।
इस बदलाव की जड़ है लग्गी (Laggi), जिसे कई जगह लग्गा (Lagga) भी कहा जाता है। लग्गी एक पारंपरिक नापने का डंडा (बांस की छड़ी) होती है, जिसकी लंबाई “हाथ” (Haath) में मापी जाती है। एक हाथ लगभग 1.5 फुट के बराबर माना जाता है। अलग-अलग इलाकों में अमीन (सर्वेयर) और स्थानीय परंपरा के हिसाब से 4 हाथ से लेकर 8 हाथ तक की लग्गी इस्तेमाल होती रही है — पटना और मध्य बिहार के कई हिस्सों में 6 हाथ की लग्गी को मानक माना जाता है, जबकि उत्तर बिहार के कुछ ज़िलों में 5.5 या 6.5 हाथ की लग्गी भी प्रचलित है।
चूँकि 1 धुर की परिभाषा ही लग्गी की लंबाई के वर्ग (square) पर आधारित होती है, इसलिए लग्गी जितनी लंबी होगी, 1 धुर, 1 कट्ठा और 1 बीघा का वर्ग फुट में आकार भी उतना ही बड़ा होगा। यही वजह है कि जमीन का सौदा तय करने से पहले यह पूछना ज़रूरी है — “आपकी लग्गी कितने हाथ की है?” — क्योंकि इसका सीधा असर जमीन के असली रकबे और कीमत पर पड़ता है।
धुर, कट्ठा, बीघा, डिसमिल, एकड़ और हेक्टेयर — पूरी जानकारी
धुर (Dhur)
बिहार में जमीन नापने की सबसे छोटी प्रचलित इकाइयों में से एक। इसका आकार सीधे लग्गी की लंबाई पर निर्भर करता है — 1 धुर = (लग्गी की लंबाई फुट में)²। छोटे रिहायशी प्लॉट या घर की जमीन अक्सर धुर में बताई जाती है।
कड़ी (Kadi)
धुर से भी छोटी उप-इकाई, जिसे कुछ इलाकों में “धुरकी” भी कहा जाता है। आमतौर पर 1 धुर को 20 कड़ी में बाँटा जाता है, जो बहुत छोटे टुकड़ों की सटीक नाप के लिए इस्तेमाल होती है।
कट्ठा (Kattha)
बिहार में सबसे ज़्यादा इस्तेमाल होने वाली इकाई। 1 कट्ठा = 20 धुर के बराबर होता है। ज़मीन के छोटे-मझोले प्लॉट, खासकर गाँव और कस्बों में, कट्ठे में बेचे-खरीदे जाते हैं।
बीघा (Bigha)
बड़ी जोत या खेती की जमीन नापने की मुख्य इकाई। 1 बीघा = 20 कट्ठा (यानी 400 धुर) के बराबर होता है। किसान अपनी खेती योग्य ज़मीन का रकबा अक्सर बीघे में ही बताते हैं।
डिसमिल (Dismil / Decimal)
यह एक मानक (लग्गी-निरपेक्ष) इकाई है, यानी लग्गी बदलने से इसका आकार नहीं बदलता। 1 डिसमिल = 1 एकड़ का 1/100वां हिस्सा = 435.6 वर्ग फुट। भूमि रिकॉर्ड और रजिस्ट्री में यह बहुत इस्तेमाल होती है।
एकड़ (Acre) और हेक्टेयर (Hectare)
ये अंतरराष्ट्रीय मानक इकाइयाँ हैं। 1 एकड़ = 43,560 वर्ग फुट और 1 हेक्टेयर = 1,07,639.1 वर्ग फुट (लगभग 2.47 एकड़)। बड़े कृषि क्षेत्र, सरकारी योजनाएँ और भूमि सर्वेक्षण में इनका उपयोग होता है।
मानक रेफरेंस टेबल (6 हाथ की लग्गी पर आधारित)
नीचे दी गई टेबल 6 हाथ की लग्गी (जो पटना और मध्य बिहार के कई हिस्सों में मानक मानी जाती है) के आधार पर बनाई गई है। अगर आपके इलाके की लग्गी अलग है, तो ऊपर दिए गए टूल में सही साइज़ चुनकर सटीक परिणाम देखें।
| इकाई | बराबर है | वर्ग फुट (लगभग) |
|---|---|---|
| 1 कड़ी (Kadi) | 1/20 धुर | 4.05 वर्ग फुट |
| 1 धुर (Dhur) | 20 कड़ी | 81 वर्ग फुट |
| 1 कट्ठा (Kattha) | 20 धुर | 1,620 वर्ग फुट |
| 1 बीघा (Bigha) | 20 कट्ठा (400 धुर) | 32,400 वर्ग फुट |
| 1 डिसमिल (Dismil) | 1/100 एकड़ | 435.6 वर्ग फुट |
| 1 एकड़ (Acre) | ~1.34 बीघा | 43,560 वर्ग फुट |
| 1 हेक्टेयर (Hectare) | ~2.47 एकड़ | 1,07,639.1 वर्ग फुट |
नोट: उपरोक्त मान 1 हाथ = 1.5 फुट मानकर 6 हाथ की लग्गी पर निकाले गए हैं। असली रजिस्ट्री/खरीद-बिक्री से पहले स्थानीय अंचल कार्यालय (CO Office) से लग्गी की पुष्टि ज़रूर करें।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQ)
लग्गी (Laggi) क्या होती है?
लग्गी एक पारंपरिक बांस की नापने वाली छड़ी है जिसका इस्तेमाल बिहार में जमीन नापने के लिए किया जाता है। इसकी लंबाई “हाथ” (Haath) में मापी जाती है, जहाँ 1 हाथ लगभग 1.5 फुट के बराबर होता है। लग्गी की लंबाई अलग-अलग ज़िलों और इलाकों में अलग-अलग होती है (आमतौर पर 4 से 8 हाथ के बीच), और इसी के आधार पर धुर, कट्ठा व बीघा का वर्ग फुट में आकार तय होता है।
बिहार में 1 कट्ठा में कितना डिसमिल होता है?
6 हाथ की लग्गी (1,620 वर्ग फुट प्रति कट्ठा) के हिसाब से 1 कट्ठा लगभग 3.72 डिसमिल के बराबर होता है। हालाँकि, यह आँकड़ा आपके इलाके की लग्गी की साइज़ पर निर्भर करता है — 5.5 हाथ की लग्गी पर यह करीब 3.125 डिसमिल बैठता है। सटीक मान जानने के लिए ऊपर दिए गए कैलकुलेटर में अपनी लग्गी चुनें।
1 बीघा में कितने कट्ठे होते हैं?
बिहार में 1 बीघा हमेशा 20 कट्ठा के बराबर होता है, और यह अनुपात लग्गी बदलने पर भी नहीं बदलता (क्योंकि दोनों इकाइयाँ आपस में एक जैसे अनुपात में बढ़ती-घटती हैं)। बदलता सिर्फ इतना है कि 1 कट्ठा और इसलिए 1 बीघा वर्ग फुट में कितना बड़ा है।
1 बीघा में कितने धुर होते हैं?
1 बीघा = 20 कट्ठा = 400 धुर। यह अनुपात पूरे बिहार में स्थिर रहता है, चाहे लग्गी की साइज़ कुछ भी हो।
1 एकड़ में कितना बीघा होता है?
6 हाथ की लग्गी के हिसाब से 1 एकड़ लगभग 1.34 बीघा के बराबर होता है (43,560 ÷ 32,400)। ध्यान रहे कि यह आँकड़ा भी लग्गी की साइज़ के साथ बदलता है, इसलिए अपने इलाके की सही लग्गी चुनकर ही अंतिम आँकड़ा निकालें।
क्या डिसमिल और एकड़ भी लग्गी के हिसाब से बदलते हैं?
नहीं। डिसमिल, एकड़ और हेक्टेयर मानक (standard) इकाइयाँ हैं जिनका वर्ग फुट मान तय है और यह लग्गी की साइज़ से प्रभावित नहीं होता। सिर्फ धुर, कड़ी, कट्ठा और बीघा जैसी पारंपरिक इकाइयाँ ही लग्गी के अनुसार घटती-बढ़ती हैं।
जमीन खरीदते समय लग्गी की साइज़ क्यों पूछनी चाहिए?
क्योंकि अगर विक्रेता छोटी लग्गी (जैसे 4 हाथ) के हिसाब से कट्ठा बता रहा है लेकिन कीमत बड़ी लग्गी (जैसे 6 हाथ) के हिसाब से वसूल रहा है, तो खरीदार को असल में कम जमीन मिल सकती है। सौदा पक्का करने से पहले लग्गी की साइज़ और उसका वर्ग फुट में हिसाब दोनों पक्षों को साफ-साफ पता होना चाहिए।